menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
द्रोण पर्व
अध्याय ९९
chevron_left
chevron_right
सञ्जय़ उवाच
स तु दुःशासनं वीरः साय़कैरावृणोद्भृशम् |  ३   क
मशकं समनुप्राप्तमूर्णनाभिरिवोर्णय़ा ||  ३   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति