menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
विराट पर्व
अध्याय ६४
chevron_left
chevron_right
विराट उवाच
इच्छामि तमहं द्रष्टुमर्चितुं च महावलम् |  ३१   क
येन मे त्वं च गावश्च रक्षिता देवसूनुना ||  ३१   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति