menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
कर्ण पर्व
अध्याय ६४
chevron_left
chevron_right
सञ्जय़ उवाच
मृदङ्गभेरीपणवानकस्वनै; र्निनादिते भारत शङ्खनिस्वनैः |  ९   क
ससिंहनादौ वभतुर्नरोत्तमौ; शशाङ्कसूर्याविव मेघसम्प्लवे ||  ९   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति