menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
वन पर्व
अध्याय १९२
chevron_left
chevron_right
मार्कण्डेय़ उवाच
यथा स राजा इक्ष्वाकुः कुवलाश्वो महीपतिः |  ७   क
धुन्धुमारत्वमगमत्तच्छृणुष्व महीपते ||  ७   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति