menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
उद्योग पर्व
अध्याय ६६
chevron_left
chevron_right
सञ्जय़ उवाच
ईशन्नपि महाय़ोगी सर्वस्य जगतो हरिः |  १४   क
कर्माण्यारभते कर्तुं कीनाश इव दुर्वलः ||  १४   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति