menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
द्रोण पर्व
अध्याय ६७
chevron_left
chevron_right
सञ्जय़ उवाच
पुनश्च निशितैर्वाणैः पार्थं विव्याध पञ्चभिः |  २३   क
तं पार्थो नवभिर्वाणैराजघान स्तनान्तरे ||  २३   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति