menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
शल्य पर्व
अध्याय ७
chevron_left
chevron_right
सञ्जय़ उवाच
तथैवाय़ुतशो योधास्तावकाः पाण्डवान्रणे |  ३३   क
अभ्यद्रवन्त सङ्क्रुद्धा विविधाय़ुधपाणय़ः ||  ३३   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति