menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
भीष्म पर्व
अध्याय ७३
chevron_left
chevron_right
सञ्जय़ उवाच
आत्मदोषात्त्वय़ा राजन्प्राप्तं व्यसनमीदृशम् |  १   क
न हि दुर्योधनस्तानि पश्यते भरतर्षभ |  १   ख
यानि त्वं दृष्टवान्राजन्धर्मसङ्करकारिते ||  १   ग
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति