menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
द्रोण पर्व
अध्याय ७५
chevron_left
chevron_right
सञ्जय़ उवाच
सलिले जनिते तस्मिन्कौन्तेय़ेन महात्मना |  १   क
निवारिते द्विषत्सैन्ये कृते च शरवेश्मनि ||  १   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति