menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
वन पर्व
अध्याय ८२
chevron_left
chevron_right
पुलस्त्य उवाच
दष्टस्याशीविषेणापि न तस्य क्रमते विषम् |  ९२   क
तत्रोष्य रजनीमेकां सर्वपापैः प्रमुच्यते ||  ९२   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति