menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
कर्ण पर्व
अध्याय २८
chevron_left
chevron_right
सञ्जय़ उवाच
अवश्यं तु मय़ा वाच्यं वुध्यतां यदि ते हितम् |  ५   क
विशेषतो रथस्थेन राज्ञश्चैव हितैषिणा ||  ५   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति