menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
भीष्म पर्व
अध्याय ९५
chevron_left
chevron_right
सञ्जय़ उवाच
सम्पतन्तः स्म दृश्यन्ते गोमाय़ुवकवाय़साः |  ५०   क
श्वानश्च विविधैर्नादैर्भषन्तस्तत्र तस्थिरे ||  ५०   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति