menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
भीष्म पर्व
अध्याय ९८
chevron_left
chevron_right
धृतराष्ट्र उवाच
प्रिय़ो हि पाण्डवो नित्यं भारद्वाजस्य धीमतः |  २   क
आचार्यश्च रणे नित्यं प्रिय़ः पार्थस्य सञ्जय़ ||  २   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति