menu
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
বাংলা
महाभारत
शब्दसूची
श्लोकपादसूची
About Us
शान्ति पर्व
अध्याय ९९
chevron_left
chevron_right
इन्द्र उवाच
उत्तिष्ठति कवन्धोऽत्र सहस्रे निहते तु यः |  २४   क
स यूपस्तस्य शूरस्य खादिरोऽष्टाश्रिरुच्यते ||  २४   ख
अनुवाद
अकृत-अनुवादम्
टीका
टीका नास्ति