एवंविधं
भीष्म पर्व
अध्याय ५६
२८ क
एवंविधं
कर्ण पर्व
अध्याय ४८
११ ख
एवंविधं
अनुशासन पर्व
अध्याय १५४
२६ क
एवंविधं
आश्वमेधिक पर्व
अध्याय ६०
१५ क
एवंविधमहं
आदि पर्व
अध्याय ४२
८ क
एवंविधस्ते
शान्ति पर्व
अध्याय ३१०
२७ ख
एवंविधस्येह
आश्वमेधिक पर्व
अध्याय ९
२८ ख
एवंविधा
सौप्तिक पर्व
अध्याय ८
१४२ क
एवंविधा
शान्ति पर्व
अध्याय २०१
२० क
एवंविधा
शान्ति पर्व
अध्याय २६२
१३ क
एवंविधा
शान्ति पर्व
अध्याय २६२
२२ क
एवंविधा
अनुशासन पर्व
अध्याय १३३
२१ ख
एवंविधाः
वन पर्व
अध्याय २९
३२ क
एवंविधाः
वन पर्व
अध्याय ९३
२७ क
एवंविधानां
उद्योग पर्व
अध्याय ८०
२९ क
एवंविधानि
शान्ति पर्व
अध्याय १४९
२३ ख
एवंविधाश्चाप्यपरे
आदि पर्व
अध्याय ८९
५५ क
एवंविधास्तु
आश्वमेधिक पर्व
अध्याय ३६
२१ क
एवंविधे
द्रोण पर्व
अध्याय ८६
४ क
एवंविधे
आश्वमेधिक पर्व
अध्याय ५६
२८ क
एवंविधेन
शान्ति पर्व
अध्याय ३१०
२६ क
एवंविधेस्त्वगस्त्यस्य
आश्वमेधिक पर्व
अध्याय ९५
११ क
एवंविधैश्च
शान्ति पर्व
अध्याय २८६
२६ ख
एवंविधो
उद्योग पर्व
अध्याय ६८
१४ ख
एवंविधो
भीष्म पर्व
अध्याय ३३
५३ ख
एवंवीर्यः
शान्ति पर्व
अध्याय ६५
१ क
एवंवीर्यो
सौप्तिक पर्व
अध्याय १५
३० ख
एवंवृत्तं
द्रोण पर्व
अध्याय १६४
३० ख
एवंवृत्तः
शान्ति पर्व
अध्याय ३७
२८ ख
एवंवृत्तः
शान्ति पर्व
अध्याय ७०
३२ ख
एवंवृत्ता
शान्ति पर्व
अध्याय ५८
२३ ख
एवंवृत्तास्तु
आश्वमेधिक पर्व
अध्याय ३८
१० क
एवंवृत्तिरभून्नृपः
आदि पर्व
अध्याय ८१
१४ क
एवंवृत्तो
आदि पर्व
अध्याय ८८
१९ ग
एवंव्यूहं
भीष्म पर्व
अध्याय ७७
१५ क
एवंव्रतोऽस्मीति
वन पर्व
अध्याय ११२
१३ ख
एवंशीलसमाचारः
अनुशासन पर्व
अध्याय १३३
४० क
एवंशीलसमाचारो
अनुशासन पर्व
अध्याय १३३
३४ ख
एवंस्वभावमेवेदमिति
शान्ति पर्व
अध्याय २४०
१३ क
एवंस्वभावमेवैतत्स्ववुद्ध्या
शान्ति पर्व
अध्याय १८७
४७ क
एवंय़ुक्तः
उद्योग पर्व
अध्याय ३२
१९ ख
एवंय़ुक्तो
विराट पर्व
अध्याय ६५
२१ क
एवङ्गते
आदि पर्व
अध्याय १३७
१४ क
एवङ्गते
आदि पर्व
अध्याय १८२
१० क
एवङ्गते
भीष्म पर्व
अध्याय ४१
१३ क
एवङ्गते
भीष्म पर्व
अध्याय ११५
५३ क
एवङ्गते
आश्रमवासिक पर्व
अध्याय २२
१३ क
एवङ्गतेषु
वन पर्व
अध्याय १५२
११ ख
एवङ्गुणं
वन पर्व
अध्याय ५५
१० ख
एवङ्गुणः
आश्वमेधिक पर्व
अध्याय १०
३५ क
एवङ्गुणसमाय़ुक्तं
आदि पर्व
अध्याय ६४
१४ क
एवङ्गुणसमाय़ुक्तां
आदि पर्व
अध्याय ९३
१६ क
एवङ्गुणस्य
आदि पर्व
अध्याय १६०
२० क
एवद्वै
शान्ति पर्व
अध्याय २८६
४१ क
एवन्धर्मसु
शान्ति पर्व
अध्याय २३६
१८ ख
एवन्धर्मा
उद्योग पर्व
अध्याय ३२
१७ ख
एवमग्निर्भगवता
वन पर्व
अध्याय २१२
१९ क
एवमग्निर्वरं
सभा पर्व
अध्याय २८
२४ क
एवमग्निस्त्वय़ा
वन पर्व
अध्याय २२०
६ ख
एवमग्राह्यके
शान्ति पर्व
अध्याय ८२
१ क
एवमङ्गिरसश्चैव
अनुशासन पर्व
अध्याय ८५
४३ क
एवमत्र
विराट पर्व
अध्याय ५
१४ ख
एवमद्भुतकर्माणमिति
वन पर्व
अध्याय १७८
२९ ख
एवमधार्मिकाः
सौप्तिक पर्व
अध्याय ५
२४ क
एवमध्यापय़ञ्शिष्यान्व्यासः
शान्ति पर्व
अध्याय ३१४
३० क
एवमनुमन्येरंस्तान्भवान्प्रष्टुमर्हति
आश्वमेधिक पर्व
अध्याय २८
१३ क
एवमनुशास्तस्तु
शान्ति पर्व
अध्याय ३०६
९१ क
एवमनुसञ्चिन्त्य
शल्य पर्व
अध्याय ३५
३१ क
एवमन्तं
शान्ति पर्व
अध्याय १७५
२९ क
एवमन्नं
अनुशासन पर्व
अध्याय ६२
४१ क
एवमन्यानि
विराट पर्व
अध्याय ५२
१६ ख
एवमन्ये
आदि पर्व
अध्याय ६१
९२ क
एवमन्ये
आदि पर्व
अध्याय ९८
३२ ख
एवमन्ये
अनुशासन पर्व
अध्याय १७
१६२ क
एवमन्यैरपि
भीष्म पर्व
अध्याय ११४
४५ क
एवमन्योन्यमाय़स्ता
शल्य पर्व
अध्याय २२
८७ क
एवमन्योन्यशापात्तौ
आदि पर्व
अध्याय २५
१८ क
एवमन्योन्यसंय़ुक्तं
वन पर्व
अध्याय २२१
४९ क
एवमप्यनुमानेन
शान्ति पर्व
अध्याय २९३
३८ क
एवमप्ययमत्यन्तं
उद्योग पर्व
अध्याय ३
१० ख
एवमप्यशुभं
शान्ति पर्व
अध्याय ३२
१८ ख
एवमप्यसुखाविष्टा
वन पर्व
अध्याय ६२
२३ क
एवमप्यस्तु
आदि पर्व
अध्याय ९२
१२ क
एवमप्यस्तु
वन पर्व
अध्याय २९४
२९ क
एवमप्यस्मि
अनुशासन पर्व
अध्याय ३१
५१ क
एवमप्याय़तिं
वन पर्व
अध्याय २२७
४ ख
एवमप्रतिवुद्धत्वादवुद्धजनसेवनात्
शान्ति पर्व
अध्याय २९३
१ क
एवमप्रतिवुद्धत्वादवुद्धमनुवर्तते
शान्ति पर्व
अध्याय २९२
१ क
एवमप्रतिवुद्धश्च
शान्ति पर्व
अध्याय ३०६
७८ क
एवमभ्यधिकः
कर्ण पर्व
अध्याय २२
५३ क
एवमभ्यधिकः
शल्य पर्व
अध्याय १५
२५ ख
एवमभ्यनुज्ञातश्चक्रे
द्रोण पर्व
अध्याय ५
३६ क
एवमभ्यागतस्येह
वन पर्व
अध्याय १३१
४ क
एवमभ्याहते
शान्ति पर्व
अध्याय १६९
७ क
एवमभ्याहते
शान्ति पर्व
अध्याय ३०९
७५ क
एवमर्थं
शल्य पर्व
अध्याय ४२
३३ ख
एवमर्थैरनर्थैश्च
शान्ति पर्व
अध्याय २११
४४ क
एवमल्पश्रुतो
शान्ति पर्व
अध्याय ८४
२४ क
एवमव्यक्तविषय़ं
शान्ति पर्व
अध्याय २९१
४८ क
एवमव्यग्रवर्णानां
अनुशासन पर्व
अध्याय ७६
३० क