योऽभिगच्छति
शान्ति पर्व
अध्याय १५९
५० ख
योऽभिगच्छेत
वन पर्व
अध्याय ८०
५२ क
योऽभिचोदय़ेत्
कर्ण पर्व
अध्याय ४९
९ क
योऽभिजानाति
वन पर्व
अध्याय ३३
८ ख
योऽभिजानाति
भीष्म पर्व
अध्याय २६
१४ ख
योऽभिदर्शय़ेत्
आदि पर्व
अध्याय २०४
२८ क
योऽभिध्याय़न्नुत्पतिष्णून्निहन्या;
उद्योग पर्व
अध्याय ४२
९ क
योऽभिनन्देत
अनुशासन पर्व
अध्याय ७२
२७ क
योऽभिनिःसृत्य
शान्ति पर्व
अध्याय ९८
१० क
योऽभिमन्यते
शल्य पर्व
अध्याय ३१
२७ क
योऽभिमन्यते
शान्ति पर्व
अध्याय २८७
२१ क
योऽभिमानो
शान्ति पर्व
अध्याय ३०८
१३१ क
योऽभिलङ्घय़ेत्
शान्ति पर्व
अध्याय ९७
८ ग
योऽभिविध्येत
विराट पर्व
अध्याय ६४
१८ क
योऽभिवीक्षते
वन पर्व
अध्याय २२६
१७ क
योऽभिसन्धिः
शान्ति पर्व
अध्याय २५८
३२ क
योऽभीतो
स्वर्गारोहण पर्व
अध्याय १
१५ ख
योऽभेद्यस्त्रिदशैरपि
द्रोण पर्व
अध्याय ३२
१३ क
योऽभ्ययाद्रणे
उद्योग पर्व
अध्याय ५८
२५ ख
योऽभ्यर्थितः
उद्योग पर्व
अध्याय ४०
१ क
योऽभ्यसूय़ति
भीष्म पर्व
अध्याय ४०
६७ ख
योऽभ्यसूय़त्यनुकम्पते
उद्योग पर्व
अध्याय ३३
९१ क
योऽभ्युज्जीवति
उद्योग पर्व
अध्याय १३१
४२ क
योऽभ्युदीय़ाद्युधि
आदि पर्व
अध्याय १५०
१६ ख
योऽभय़ः
शान्ति पर्व
अध्याय २५४
१८ ख
योऽमात्यो
विराट पर्व
अध्याय ४
३३ क
योऽमित्रैः
शान्ति पर्व
अध्याय ८४
३४ क
योऽमृतत्वाय़
शान्ति पर्व
अध्याय ३१५
५० ख
योऽरक्षति
उद्योग पर्व
अध्याय ३७
३ ख
योऽरिं
आदि पर्व
अध्याय १५८
३९ ख
योऽरिणा
शान्ति पर्व
अध्याय १३८
३७ क
योऽरुन्धतीं
शान्ति पर्व
अध्याय ३०५
९ क
योऽर्चय़ति
द्रोण पर्व
अध्याय १७२
८७ क
योऽर्जुन
भीष्म पर्व
अध्याय २८
३२ क
योऽर्जुनं
उद्योग पर्व
अध्याय १२२
५० ख
योऽर्जुनं
भीष्म पर्व
अध्याय ५१
३३ ख
योऽर्जुनं
कर्ण पर्व
अध्याय ३७
३३ ग
योऽर्जुनः
मौसल पर्व
अध्याय ७
१५ क
योऽर्जुनस्यास्त्रमस्त्रेण
द्रोण पर्व
अध्याय ५३
१९ ख
योऽर्जुनेनाद्य
कर्ण पर्व
अध्याय २७
३४ ख
योऽर्जुनेनार्जुनस्तुल्यो
वन पर्व
अध्याय २८
२३ क
योऽर्जुनेनार्जुनस्तुल्यो
वन पर्व
अध्याय ७९
१२ क
योऽर्थं
उद्योग पर्व
अध्याय ३९
४० क
योऽर्थं
शान्ति पर्व
अध्याय १२
१२ क
योऽर्थं
शान्ति पर्व
अध्याय १८
२९ ख
योऽर्थं
शान्ति पर्व
अध्याय ७२
७ क
योऽर्थः
शान्ति पर्व
अध्याय ५४
२१ क
योऽर्थकामस्य
उद्योग पर्व
अध्याय १२२
२३ क
योऽर्थकामस्य
शान्ति पर्व
अध्याय ९४
२९ क
योऽर्थमृच्छति
शान्ति पर्व
अध्याय २३७
३५ ख
योऽर्थार्थी
वन पर्व
अध्याय ३४
२५ क
योऽर्थिनं
शान्ति पर्व
अध्याय १२६
३९ ख
योऽर्थी
शान्ति पर्व
अध्याय १२६
३९ क
योऽर्थैर्हीनो
शान्ति पर्व
अध्याय १२०
४५ ख
योऽर्थो
भीष्म पर्व
अध्याय ११७
२४ क
योऽर्थो
शान्ति पर्व
अध्याय १६१
२३ क
योऽर्थो
आश्वमेधिक पर्व
अध्याय ५६
७ क
योऽर्हणां
सभा पर्व
अध्याय ३५
६ ख
योऽर्हति
शान्ति पर्व
अध्याय ५९
९३ ख
योऽवजानीते
अनुशासन पर्व
अध्याय ३०
१० ख
योऽवतिष्ठति
भीष्म पर्व
अध्याय ३६
२३ ख
योऽवधीत्केतुमाञ्शूरो
द्रोण पर्व
अध्याय ९
४० क
योऽवधीद्भुजवीर्येण
द्रोण पर्व
अध्याय १०३
३९ ख
योऽवमन्ता
शान्ति पर्व
अध्याय २२२
२१ ख
योऽवमन्ता
शान्ति पर्व
अध्याय २८८
२६ ख
योऽवमन्यते
आदि पर्व
अध्याय ६९
१६ क
योऽवमन्यते
शान्ति पर्व
अध्याय ६५
२८ क
योऽवमन्यते
अनुशासन पर्व
अध्याय ११२
७७ क
योऽवमन्यते
अनुशासन पर्व
अध्याय १३१
२२ क
योऽवलम्वेत
आदि पर्व
अध्याय २२४
१५ क
योऽवोचन्न
कर्ण पर्व
अध्याय ६८
४४ क
योऽव्यभिचारेण
भीष्म पर्व
अध्याय ३६
२६ क
योऽव्ययः
अनुशासन पर्व
अध्याय १३५
१० ख
योऽव्रवीत्
कर्ण पर्व
अध्याय ५२
१८ क
योऽश्नाति
शान्ति पर्व
अध्याय २१४
१४ ख
योऽश्नाति
शान्ति पर्व
अध्याय २३५
११ ग
योऽश्नीय़ाद्व्राह्मणादिषु
अनुशासन पर्व
अध्याय २४
४४ क
योऽश्नीय़ान्नृशंस
शान्ति पर्व
अध्याय १५८
११ ख
योऽश्वः
आदि पर्व
अध्याय ३
१७३ ग
योऽश्वमेधसहस्रेण
शान्ति पर्व
अध्याय २९
१२४ ख
योऽश्वमेधे
शान्ति पर्व
अध्याय २९
१३५ ख
योऽष्टमासांस्तु
शान्ति पर्व
अध्याय ३५०
५ क
योऽष्टाविंशे
अनुशासन पर्व
अध्याय ११०
१११ क
योऽसंविभज्य
उद्योग पर्व
अध्याय ३३
४० ख
योऽसतां
उद्योग पर्व
अध्याय १२२
२४ क
योऽसत्सेवी
उद्योग पर्व
अध्याय १२२
२६ क
योऽसावतिवलः
शान्ति पर्व
अध्याय २७१
६२ ख
योऽसावत्यन्तमस्मासु
द्रोण पर्व
अध्याय १७०
३६ क
योऽसावादिदेवात्प्रवृत्तो;
शान्ति पर्व
अध्याय ६४
१९ ख
योऽसावास्ते
उद्योग पर्व
अध्याय ९
१४ क
योऽसावुत्पतितो
कर्ण पर्व
अध्याय २८
३८ ख
योऽसावय़ोध्यां
वन पर्व
अध्याय ७२
१७ क
योऽसितम्
शल्य पर्व
अध्याय ४९
६३ ख
योऽसृजद्दक्षिणादङ्गाद्व्रह्माणं
अनुशासन पर्व
अध्याय १४
१८३ क
योऽसौ
आदि पर्व
अध्याय ३७
१२ क
योऽसौ
आदि पर्व
अध्याय ६१
७३ क
योऽसौ
आदि पर्व
अध्याय ६७
३१ क
योऽसौ
आदि पर्व
अध्याय ७३
१९ क
योऽसौ
आदि पर्व
अध्याय १८०
२० क
योऽसौ
आदि पर्व
अध्याय १८५
२५ ख