सर्वानवाप्नोति
अनुशासन पर्व
अध्याय ५७
३७ क
सर्वानवामृद्नाद्रामः
वन पर्व
अध्याय ११७
८ ख
सर्वानवारय़त्
शल्य पर्व
अध्याय १६
७९ ख
सर्वानविध्यन्निशितैर्दशभिर्दशभिः
द्रोण पर्व
अध्याय १६१
१४ ख
सर्वानशेषतः
भीष्म पर्व
अध्याय २८
२४ क
सर्वानसकृद्देवान्विष्णुं
वन पर्व
अध्याय १९५
६ ख
सर्वानसम्भ्रमाद्राजन्प्रत्यविध्यत्त्रिभिस्त्रिभिः
द्रोण पर्व
अध्याय १४५
१८ ख
सर्वानसुरान्महासत्त्वान्व्यजाय़त
शान्ति पर्व
अध्याय २००
२८ ख
सर्वानसुरान्सुराधिपो;
शान्ति पर्व
अध्याय २२०
११६ ख
सर्वानसौ
वन पर्व
अध्याय ३९
२७ ख
सर्वानस्मानचिन्तय़न्
सभा पर्व
अध्याय ४१
४ ख
सर्वानहं
वन पर्व
अध्याय ४९
१६ क
सर्वानहं
कर्ण पर्व
अध्याय ४५
६४ ख
सर्वानहं
शल्य पर्व
अध्याय ३१
१४ ख
सर्वानहितान्रणेऽवधी;
कर्ण पर्व
अध्याय २६
४४ ख
सर्वानागताभ्यागतांश्च;
उद्योग पर्व
अध्याय ३०
४४ क
सर्वानात्मनि
शान्ति पर्व
अध्याय २९०
२६ क
सर्वानात्मनि
शान्ति पर्व
अध्याय २९०
५१ क
सर्वानादाय़
वन पर्व
अध्याय १३
८४ क
सर्वानानय़तेति
सभा पर्व
अध्याय ३०
४१ ख
सर्वानामन्त्र्य
सभा पर्व
अध्याय ६९
३ ख
सर्वानार्छन्महावाहुर्वलवान्सत्यविक्रमः
वन पर्व
अध्याय १५७
४८ ख
सर्वानावारय़िष्यामि
उद्योग पर्व
अध्याय १६९
१५ ख
सर्वानाविशते
शान्ति पर्व
अध्याय १४९
४१ ख
सर्वानाश्रमान्गत्वा
वन पर्व
अध्याय २८२
२ क
सर्वानाश्लिष्य
आदि पर्व
अध्याय २१०
२० ख
सर्वानाय़ुष्मतो
विराट पर्व
अध्याय ४३
१ क
सर्वानित्याहुर्वेदनिश्चय़ाः
शान्ति पर्व
अध्याय १२
६ क
सर्वानिदं
आदि पर्व
अध्याय १५४
१८ क
सर्वानिदमथाव्रवीत्
आश्रमवासिक पर्व
अध्याय २९
१८ ख
सर्वानिमाँल्लोकान्व्राह्मणोऽनुचचार
शान्ति पर्व
अध्याय २६३
५२ क
सर्वानिषुभिः
कर्ण पर्व
अध्याय १२
६३ ख
सर्वानिषुभिराशुगैः
द्रोण पर्व
अध्याय १३०
१२ ख
सर्वानुक्तवांस्तान्सभासदः
सभा पर्व
अध्याय ६१
१७ क
सर्वानुत्क्रम्य
शान्ति पर्व
अध्याय १९२
२० ख
सर्वानुत्क्रान्तजीवितान्
आदि पर्व
अध्याय २८
२२ क
सर्वानुदासीनवदीश्वरः
शान्ति पर्व
अध्याय २४१
१ ख
सर्वानुपादाय़
शल्य पर्व
अध्याय ३८
२५ क
सर्वानुपासङ्गान्सर्वोपकरणानि
द्रोण पर्व
अध्याय ८७
५३ क
सर्वानुपाय़ानपि
अनुशासन पर्व
अध्याय ४८
६ क
सर्वानुरक्तप्रकृतिं
वन पर्व
अध्याय २६१
११ क
सर्वानुरगांश्च
भीष्म पर्व
अध्याय ३३
१५ ख
सर्वानृषिमुख्यानगस्त्यः;
अनुशासन पर्व
अध्याय ९६
९ क
सर्वानेकस्तानहं
कर्ण पर्व
अध्याय ५४
१९ ख
सर्वानेकैकशो
द्रोण पर्व
अध्याय १६४
१४२ ख
सर्वानेताननादृत्य
उद्योग पर्व
अध्याय १२६
२६ क
सर्वानेताननुचरन्वत्सवच्चतुरः
शान्ति पर्व
अध्याय २८८
३० क
सर्वानेतान्पुरुषसत्तमान्
वन पर्व
अध्याय ३७
१७ क
सर्वानेतान्प्रवोधय़
आदि पर्व
अध्याय १३९
२९ क
सर्वानेतान्विनाशय़
अनुशासन पर्व
अध्याय ९४
४३ क
सर्वानेतान्हनिष्यामि
द्रोण पर्व
अध्याय १७०
७ क
सर्वानेव
आदि पर्व
अध्याय १
४ क
सर्वानेव
आदि पर्व
अध्याय ५८
४४ ख
सर्वानेव
आदि पर्व
अध्याय ६०
६३ ख
सर्वानेव
आदि पर्व
अध्याय १५८
२३ ख
सर्वानेव
सभा पर्व
अध्याय ७१
३३ ख
सर्वानेव
वन पर्व
अध्याय २५९
२१ ख
सर्वानेव
वन पर्व
अध्याय २९०
२० क
सर्वानेव
भीष्म पर्व
अध्याय ४७
३ क
सर्वानेव
भीष्म पर्व
अध्याय ६०
३४ क
सर्वानेव
भीष्म पर्व
अध्याय ७४
१५ ख
सर्वानेव
द्रोण पर्व
अध्याय ७४
४७ ख
सर्वानेव
द्रोण पर्व
अध्याय ९६
३२ ख
सर्वानेव
द्रोण पर्व
अध्याय १२०
५१ ख
सर्वानेव
द्रोण पर्व
अध्याय १४८
५९ ख
सर्वानेव
शल्य पर्व
अध्याय ३१
६० ख
सर्वानेव
शल्य पर्व
अध्याय ५६
३१ ख
सर्वानेव
शान्ति पर्व
अध्याय १३५
१४ ख
सर्वानेव
शान्ति पर्व
अध्याय १९२
३५ क
सर्वानेव
शान्ति पर्व
अध्याय २०१
५ ख
सर्वानेव
अनुशासन पर्व
अध्याय १०७
५१ ख
सर्वानेव
आश्वमेधिक पर्व
अध्याय ७८
२७ ख
सर्वानेव
आश्वमेधिक पर्व
अध्याय ८७
६ ख
सर्वानेवानुवर्तिनः
कर्ण पर्व
अध्याय ५१
१४ क
सर्वानेवारभेन्नृपः
शान्ति पर्व
अध्याय १०४
३६ ख
सर्वानेवासुराञ्जित्वा
शान्ति पर्व
अध्याय २१६
३ ख
सर्वानेवैष
शान्ति पर्व
अध्याय २६
१४ क
सर्वानेवोपभोक्ष्यति
आदि पर्व
अध्याय १४८
१६ ग
सर्वान्
आदि पर्व
अध्याय १८१
३२ ख
सर्वान्
वन पर्व
अध्याय १२०
९ ख
सर्वान्
वन पर्व
अध्याय १२०
२९ क
सर्वान्
वन पर्व
अध्याय १७३
२१ क
सर्वान्
वन पर्व
अध्याय १७४
१५ क
सर्वान्
भीष्म पर्व
अध्याय ७६
१३ क
सर्वान्
कर्ण पर्व
अध्याय ४७
१४ ख
सर्वान्
कर्ण पर्व
अध्याय ५७
४३ क
सर्वान्
कर्ण पर्व
अध्याय ६५
४२ क
सर्वान्करोति
वन पर्व
अध्याय २७०
२३ ख
सर्वान्कर्णातिमन्यसे
कर्ण पर्व
अध्याय २८
५५ ग
सर्वान्कामांश्च
शान्ति पर्व
अध्याय २५५
१२ क
सर्वान्कामांस्ताञ्जमदग्निर्महातपाः
वन पर्व
अध्याय ११६
१८ ख
सर्वान्कामाञ्जुगुप्सेत
शान्ति पर्व
अध्याय १६८
३९ ख
सर्वान्कामाननुजातोऽसि
आश्वमेधिक पर्व
अध्याय ९
५ क
सर्वान्कामानवाप्तवान्
वन पर्व
अध्याय ३
३० ख
सर्वान्कामानवाप्स्यथ
अनुशासन पर्व
अध्याय ३५
१० ख
सर्वान्कामानवाप्स्यसि
उद्योग पर्व
अध्याय १२२
४२ ख
सर्वान्कामानवाप्स्यसि
अनुशासन पर्व
अध्याय १७
२९ ख
सर्वान्कामानवाप्स्यसि
अनुशासन पर्व
अध्याय १८
३ ख
सर्वान्कामानुपाश्नानो
अनुशासन पर्व
अध्याय २०
५८ ख
सर्वान्कामान्कामय़ानो
शान्ति पर्व
अध्याय १२०
४१ क